आज मई दिवस, इस वर्ष का 136वां अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस, विभिन्न कार्यक्रमों के साथ मनाया जा रहा है। यह दिवस श्रमिकों की व्यावसायिक गरिमा और सम्मान सुनिश्चित करने तथा उनके अधिकारों की स्थापना के लिए हर वर्ष 1 मई को मनाया जाता है।
दुनिया भर के श्रमिक इस दिन को एक उत्सव के रूप में मनाते हैं और अपने अधिकारों को सुनिश्चित करने के लिए सरकारों और नियोक्ताओं पर दबाव डालने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करते हैं। इस बार भी नेपाल में विभिन्न श्रमिक संगठन विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर इस दिवस को मना रहे हैं।
यह दिवस हर साल इसी दिन अमेरिका के शिकागो में 1 मई 1886 को “आठ घंटे काम, आठ घंटे मनोरंजन और आठ घंटे आराम” के नारे के साथ शुरू हुए मजदूर आंदोलन की याद में मनाया जाता है। उस विरोध प्रदर्शन के दौरान शिकागो के हे मार्केट नामक स्थान पर हुए बम विस्फोट और पुलिस गोलीबारी में सात श्रमिक मारे गए थे। मजदूर आंदोलन को अंततः सफलता मिली। बाद में, 1889 में पेरिस, फ्रांस में आयोजित विश्व श्रम संगठनों और श्रमिक नेताओं की एक बैठक में दुनिया भर में अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस मनाने का निर्णय लिया गया। नेपाल में भी विराटनगर में एक विश्वविद्यालय है। 2003 में मजदूर दिवस यह दिन आंदोलन की सफलता और 2007 बी.एस. के परिवर्तन के रूप में मनाया गया। 2046 ई.पू. के राजनीतिक परिवर्तन के साथ ही नेपाल में इस दिन सार्वजनिक अवकाश भी घोषित किया गया है।
