दुनिया भर में सड़क दुर्घटनाओं में प्रति मिनट 2 से अधिक और प्रतिदिन 3200 से अधिक लोग मरते देखे जाते हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार, 2010 के बाद से सड़क दुर्घटना में होने वाली मौतों की संख्या में 5 प्रतिशत की कमी आई है, लेकिन यह दर सालाना 1.1 मिलियन के आसपास है। रिपोर्ट के मुताबिक, सड़क दुर्घटनाओं में 5 से 29 साल की उम्र के बच्चों और युवाओं की मौत की संभावना सबसे ज्यादा है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार सड़क दुर्घटनाएँ एक वैश्विक स्वास्थ्य संकट है । ध्ज्इ के महानिदेशक डॉ. टेड्रोस अधानोम घेब्रेयसस के मुताबिक, हर साल सड़क दुर्घटनाओं से होने वाली मौतों की संख्या कम हो रही है, लेकिन यह पर्याप्त नहीं है । उन्होंने कहा, “सड़क दुर्घटनाओं में मौतों की संख्या कम हो रही है, लेकिन इसकी गति तेज़ नहीं है ।’’ उन्होंने कहा, “हमारी सड़कों पर नरसंहार को रोका जा सकता है । हम चाहते हैं कि सभी देश परिवहन प्रणालियों के केंद्र में कारों के बजाय लोगों को रखें और हम पैदल यात्रियों, साइकिल चालकों के साथ-साथ अन्य कमजोर सड़क उपयोगकर्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने का आह्वान करते हैं ।’
संयुक्त राष्ट्र के सदस्य देशों में से, १०८ देशों ने २०१० और २०२१ के बीच सड़क यातायात से संबंधित मौतों में कमी का दावा करते हुए डेटा प्रस्तुत किया है । दस देश सड़क यातायात से होने वाली मौतों को ५० प्रतिशत से अधिक कम करने में सफल रहे हैं ।
इसमें बेलारूस, ब्रुनेई, डेनमार्क, जापान, लिथुआनिया, नॉर्वे, रूसी संघ, त्रिनिदाद और टोबैगो, संयुक्त अरब अमीरात और वेनेजुएला शामिल हैं । इसी तरह, अन्य पैंतीस देशों ने सड़क यातायात से होने वाली मौतों में ३० से ५० प्रतिशत की कमी की है ।
रिपोर्ट के अनुसार, दुनिया में सड़क यातायात से होने वाली मौतों में से २८ प्रतिशत दक्षिण-पूर्व एशिया में, २५ प्रतिशत पश्चिमी प्रशांत क्षेत्र में होती हैं । अफ्रीकी क्षेत्र में १९ प्रतिशत, अमेरिकी क्षेत्र में १२ प्रतिशत, मध्य पूर्व क्षेत्र में ११ प्रतिशत और यूरोपीय क्षेत्र में ५ प्रतिशत । निम्न और मध्यम आय वाले देशों में सड़क दुर्घटनाओं में १० में से नौ लोगों की मौत हो जाती है । उच्च आय वाले देशों की तुलना में कम आय वाले देशों में मृत्यु का जोखिम ३ गुना अधिक है, लेकिन कम आय वाले देशों में दुनिया के कुल वाहनों की संख्या केवल १ प्रतिशत है । सभी सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में से ५३ प्रतिशत में असुरक्षित सड़क उपयोगकर्ता शामिल होते हैं । सड़क दुर्घटनाओं में मरने वालों में पैदल यात्री (२३ प्रतिशत), मोटरसाइकिल जैसे दोपहिया और तिपहिया वाहन शामिल हैं । इसमें वाहन सवार (२१ प्रतिशत), साइकिल चालक (६ प्रतिशत), और ई-स्कूटर जैसे सूक्ष्म गतिशीलता उपकरणों के उपयोगकर्ता (३ प्रतिशत) हैं । कारों और अन्य ४-पहिया हल्के वाहनों में यात्रियों की मृत्यु थोड़ी कम होकर ३० प्रतिशत हो गई है ।
